सबका सम्मान – जीवन आसान के तहत जनता दरबार आयोजित,
डीएम के समक्ष कुल 21 फरियादियों ने अपनी शिकायत सुनाई
शेखपुरा में सोमवार को डीएम शेखर आनंद ने अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ कार्यक्रम के तहत जनशिकायतों की सुनवाई की। इस जनता दरबार में कुल 21 आवेदन प्राप्त हुए।
प्राप्त आवेदनों में जमाबंदी रद्द करने, स्वच्छता पर्यवेक्षक की बहाली, सड़क दुर्घटना मुआवजा, दाखिल-खारिज, साफ-सफाई कार्य हेतु बहाली, पेयजल आपूर्ति, जमीन नापी के कागजात, प्रधानमंत्री जन-धन योजना का लाभ, नई जमाबंदी कायम कराने, जमीन को अतिक्रमणमुक्त कराने, फसल बर्बादी, परिमार्जन और रेलवे लाइन अधिग्रहण के मुआवजे से संबंधित मामले शामिल थे।
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सरकार का मुख्य उद्देश्य
उन्होंने कहा कि “सरकार का मुख्य उद्देश्य नागरिकों के दैनिक जीवन में आने वाली कठिनाइयों को कम कर उनके जीवन को सुगम बनाना है। पदाधिकारियों को स्पष्ट निर्देश है कि वे जनता की शिकायतों को टालने के बजाय समाधान पर जोर दें। सरकार के दिशा-निर्देशों के आलोक में अब जिले के नागरिकों को अपनी समस्याओं के लिए भटकना नहीं पड़ेगा।
प्रत्येक सप्ताह के दो कार्य दिवस क्रमशः सोमवार और शुक्रवार को जिले के सभी सरकारी कार्यालयों में जन-सुनवाई का आयोजन किया जा रहा है। ग्राम पंचायत एवं थाना स्तर अंचल एवं प्रखंड कार्यालय अनुमंडल एवं जिला स्तरीय कार्यालय में नागरिक निर्धारित अवधि में संबंधित पदाधिकारियों से उनके कार्यालय कक्ष में मिलकर अपनी शिकायतों का निष्पादन करा रहे हैं। जिले के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भी अपने-अपने कार्यालयों में आमजन से मुलाकात कर उनकी समस्याओं के समाधान की कार्रवाई की जा रही है।
जन-शिकायतों के निपटारे में लापरवाही
लजिला पदाधिकारी ने जिले के सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों, अंचलाधिकारियों और थाना अध्यक्षों को सरकार के दिशा-निर्देशों का अक्षरश अनुपालन सुनिश्चित करने का आदेश भी दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि जन-शिकायतों के निपटारे में लापरवाही बरतने वाले कर्मियों और अधिकारियों पर प्रशासनिक कार्रवाई भी की जाएगी। इस पहल से न केवल आम जनता और प्रशासन के बीच की दूरी कम हो रही है, बल्कि ‘इज ऑफ लिविंग’ के लक्ष्य को प्राप्त करने में भी तेजी आ रही है।
डीएम ने बताया कि ‘प्रशासन आपके द्वार’ कार्यक्रम में अक्सर बुजुर्ग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचते हैं। उन्होंने कहा कि उनकी समस्याओं को पूरी संवेदनशीलता के साथ सुना जा रहा है और समय पर उनका समाधान भी कराया जा रहा है।









